रिपोर्ट-अतुल कुमार जैन
शिवपुरी जिले के कोलारस क्षेत्र में पत्रकारिता के प्रति समर्पित सुशील काले (52) पर आज मुरम माफिया ने जानलेवा हमला किया, जिससे उनकी एक बांह में फ्रैक्चर हो गया और बाएं पैर की हड्डी गंभीर रूप से टूट गई। घायल अवस्था में उन्हें शिवपुरी के मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है।

आज दोपहर सुशील काले अपने घर से दूध लेने के लिए बाइक पर निकले थे। खटीक मोहल्ले में नाई की दुकान के पास एक कार ने उनकी बाइक को टक्कर मारी, जिससे वे सड़क पर गिर पड़े। कार में सवार मनप्रीत सरदार, हैप्पी सरदार और दो अन्य व्यक्तियों ने लोहे की रॉड से उन पर हमला किया। हमलावरों ने उनके हाथ और पैर पर बेरहमी से प्रहार किए। भीड़ जमा होने पर हमलावर कार में फरार हो गए। घायल पत्रकार को तुरंत कोलारस अस्पताल ले जाया गया, जहां से उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए जिला अस्पताल रेफर किया गया।
बताया जा रहा है की सुशील काले लगातार अवैध मुरम खनन के खिलाफ समाचार प्रकाशित कर रहे थे। उनका आरोप है कि विधायक के करीबी चंदू श्रीवास्तव के इशारे पर माफियाओं ने उन पर हमला किया है।
पुलिस ने मनप्रीत सरदार, हैप्पी सरदार और दो अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ एससी/एसटी एक्ट सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। एसडीओपी विजय यादव ने बताया कि मनप्रीत सरदार को गिरफ्तार कर लिया गया है और मामले की जांच जारी है।
राजनीतिक प्रतिक्रिया
कांग्रेस विधायक कैलाश कुशवाह ने अस्पताल पहुंचकर जिले की कानून-व्यवस्था पर चिंता जताई है। उन्होंने प्रशासन से माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पत्रकार सुरक्षा पर सवाल
इस घटना ने पत्रकारों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्वतंत्र और निष्पक्ष पत्रकारिता पर ऐसे हमले लोकतंत्र के लिए खतरा हैं। प्रशासन को चाहिए कि वह पत्रकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करे और माफियाओं के खिलाफ कठोर कदम उठाए।
समाज की भूमिका
समाज के सभी वर्गों को ऐसे हमलों की निंदा करनी चाहिए और पत्रकारों के साथ एकजुटता दिखानी चाहिए। स्वतंत्र पत्रकारिता को सुरक्षित और संरक्षित करना हम सभी की जिम्मेदारी है।
यह घटना न केवल पत्रकारों की सुरक्षा पर सवाल उठाती है, बल्कि माफियाओं के बढ़ते हौसले को भी दर्शाती है। प्रशासन को चाहिए कि वह त्वरित और सख्त कार्रवाई करे ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
इनका कहना…
“हम पत्रकारो का सम्मान करते है और काले जी के साथ दो दिन पूर्व साथ में ही खाना खाया है। बरसो से हम इस क्षेत्र में राजनीति कर रहे है हमने एक चींटी भी नहीं मारी। उनकी किसी सरदार से विवाद हुआ है। अब काले साहब किसके कहने या राजनीतिक षडयंत्र से हमारा नाम ले रहे है,हमारी समझ से बहार है बाकी घटना का पता चलते ही मैंने शिवपुरी एसपी से बात की और तत्काल हमलावरों को गिरफ्तार करने की मांग की है।”
महेंद्र सिंह यादव विधायक कोलारस









