रिपोर्ट-राजू अतुलकर
एनसीईआरटी परिसर, भोपाल के कला मंडपम में शुक्रवार को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राष्ट्रीय कला उत्सव 2024-25 का शुभारंभ किया। इस भव्य आयोजन की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई, जिसमें परंपरागत और आधुनिक कला का अनूठा संगम देखने को मिला। यह आयोजन 6 जनवरी तक चलेगा, जिसमें देशभर के प्रतिभाशाली कलाकार अपनी अद्वितीय कला का प्रदर्शन करेंगे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर कहा कि कला हमारी संस्कृति का आईना और समाज का श्रृंगार है। उन्होंने जोर देकर कहा, “कला एक साधना है और कलाकार एक साधक। यह केवल अभिव्यक्ति का माध्यम नहीं, बल्कि मानवीय संवेदनाओं को गहराई से जोड़ने वाला सेतु है। कला साध्य भी है और आराध्य भी।”

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