गुना में मुनि श्री आदित्य सागर जी एवं मुनि श्री निर्दोष सागर जी भव्य मंगल मिलन हुआ

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स्थानीय संवाददाता 
गुना | कोटा राजस्थान में चातुर्मास संपन्न करने के बाद अशोक नगर के लिए बिहार कर रहे आचार्य श्री विशुद्ध सागर जी महाराज के शिष्य मुनि श्री आदित्य सागर जी, मुनि श्री अप्रमित सागर जी मुनि श्री सहज सागर जी का भव्य मिलन  समाधिस्थ आचार्य श्री विद्यासागर सागर जी आचार्य समय सागर जी के शिष्य मुनि श्री निर्दोष सागर जी संसघ से भव्य ऐतिहासिक मिलन हुआ। धर्म समाज प्रचारक राजेश जैन दद्दू ने बताया कि ससंघ का गुना पहुंचने पर दिगंबर जैन समाज गुना ने शोभा यात्रा के साथ भव्य एवं ऐतिहासिक अगवानी की। शोभायात्रा में काफी संख्या में महिला पुरुष एवं युवक युवतियां मुनि संघ का जयकारा लगाते, नमोस्तु शासन जयवंत का जय घोष करते हुए झूमते
भजन गाते पैदल चल रहे थे। मार्ग में जगह-जगह मुनि श्री का पाद प्रक्षालन कर आरती उतारी गई।
शोभा यात्रा के निचला बाजार तिराहा पहुंचने पर वहां आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज के शिष्य मुनि श्री निर्दोष सागर जी, मुनि  मुनि श्री निर्लोभ सागर जी एवं मुनिश्री निरुपम सागर जी का मुनि श्री आदित्य सागर जी ससंघ से परस्पर में आत्मीय मिलन हुआ। मिलन के दौरान लोग आचार्य विद्यासागर जी, आचार्य विशुद्ध सागर जी, आचार्य समय सागर जी मुनि श्री आदित्य सागर जी एवं मुनि श्री निर्दोष सागर जी का जयकारा लगाते रहे। मिलन के पश्चात मुनि संघ के साथ शोभा यात्रा के चौधरी मोहल्ला स्थित पारसनाथ दिगंबर जैन बडा मंदिर पहुंचे पर वहां मुनि संघ के प्रवचन हुए। तत् पश्चात् आहार चर्या सम्पन्न हुई और दोपहर में अशोक नगर के लिए विहार हुआ।

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